Friday, January 28, 2022

इस विशेष आयोजन में उपस्थित दुर्गा जसराज जी, सारंगदेव पंडित जी, पंडित जसराज कल्चरल फ़ाउंडेशन के सह-संस्थापक नीरज जेटली जी, देश और दुनिया के सभी संगीतज्ञ और कलाकारगण, देवियों और सज्जनों !


 इस विशेष आयोजन में उपस्थित दुर्गा जसराज जी, सारंगदेव पंडित जी, पंडित जसराज कल्चरल फ़ाउंडेशन के सह-संस्थापक नीरज जेटली जी, देश और दुनिया के सभी संगीतज्ञ और कलाकारगण, देवियों और सज्जनों !

हमारे यहाँ संगीत, सुर और स्वर को अमर माना गया है। कहा जाता है कि स्वर की ऊर्जा भी अमर होती है, उसका प्रभाव भी अमर होता है। ऐसे में, जिस महान आत्मा ने संगीत को ही जिया हो, संगीत ही जिसके अस्तित्व के कण-कण में गूँजता रहा हो, वो शरीर त्यागने के बाद भी ब्रह्मांड की ऊर्जा और चेतना में अमर रहता है।

आज इस कार्यक्रम में संगीतज्ञों, कलाकारों द्वारा जो प्रस्तुतियाँ दी जा रही हैं, जिस तरह पंडित जसराज जी के सुर, उनका संगीत हमारे बीच आज गूँज रहा है, संगीत की इस चेतना में, ये एहसास होता है जैसे पंडित जसराज जी हमारे बीच ही उपस्थित हैं, साक्षात् अपनी प्रस्तुति दे रहे हैं।